लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री श्रीमती संपतिया उइके ने आज कुंडम ब्लॉक के ग्राम झिरना मोहनी मोड़ में अमर शहीद राजा शंकर शाह एवं कुंवर रघुनाथ शाह के मूर्ति अनावरण समारोह में शामिल हुई। कार्यक्रम के दौरान क्षेत्रीय विधायक श्री संतोष बरकड़े सहित अन्‍य स्‍थानीय जनप्रतिनिधि व बड़ी तादात में जन सामान्‍य मौजूद रहे।

इस दौरान लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री श्रीमती उइके ने कहा कि 1857 की क्रांति में देश की स्वतंत्रता और स्वाभिमान के लिए अपने प्राणों का बलिदान देने वाले अमर शहीद राजा शंकर शाह और उनके पुत्र कुंवर रघुनाथ शाह का बलिदान दिवस 18 सितंबर को मनाया जाता है। लेकिन उनकी गौरव गाथा हमें हमेशा ही प्रेरणा देती है कि देश के स्वाभिमान के लिए आगे आकर कार्य करना चाहिए। इस प्रेरणा को जीवंत रखने के लिए आज झिरना मोहनी मोड़ पर अमर बलिदानियों की मूर्ति का अनाव‍रण किया।

उन्‍होंने कहा कि राजा शंकर शाह और कुंवर रघुनाथ शाह गढ़ा-मंडला के गोंड राजवंश से संबंधित थे। यह राजवंश देश और मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने बलिदान के लिए जाना जाता है। राजा शंकर शाह और उनके पुत्र कुंवर रघुनाथ शाह ने वर्ष 1857 की क्रांति के दौरान अंग्रेजों के विरुद्ध संघर्ष किया।

उन्‍होंने कहा कि 14 सितंबर 1857 को अंग्रेजों ने राजा शंकर शाह और कुंवर रघुनाथ शाह सहित अन्य लोगों को गिरफ्तार कर लिया था। अंग्रेजों ने दोनों पर देशद्रोह के आरोप लगाए और मृत्युदंड की सजा सुनाई। 18 सितंबर 1857 को जबलपुर में दोनों को तोप के मुंह से बांधकर शहीद कर दिया गया।

दोनों ने अंग्रेजों के सामने झुकने और माफी मांगने से इनकार कर दिया तथा देश की स्वतंत्रता के लिए अपना सर्वोच्च बलिदान दिया। इसके साथ ही उन्‍होंने शासन की कल्‍याणकारी योजनाओं की जानकारी देकर कहा कि शासन की योजनाओं का लाभ लें। उपस्थि‍त जन समूह से संवाद के दौरान स्‍थानीय जन आत्‍मीयता से अपनी बात भी रखी।

प्रतिमा अनावरण अवसर पर विधायक श्री वरकड़े ने राजा शंकर शाह और कुंवर रघुनाथ शाह की गौरव गाथा व शासन की योजनाओं की जानकारी भी दी। साथ ही मुख्‍यमंत्री जन विश्‍वास अभियान व सेवा संकल्‍प अभियान के संबंध में अपने विचार रखे।